गोरखपुर

गोरखपुर महोत्सव समिति को नहीं पता अपने जिला सूचना अधिकारी का नाम

अरविन्द श्रीवास्तव
गोरखपुर: गोरखपुर महोत्सव समिति के आमंत्रण उपसमिति को अपने जिला सूचना अधिकारी का नाम ही नहीं पता है। उसने अपने आमंत्रण पत्र में पूर्व जिला सूचना अधिकारी का नाम उल्लिखित कर निमंत्रण कार्ड जिला सूचना अधिकारी के कार्यालय भेज दिया। जिसे देख आमंत्रित समिति की काफी छीछालेदर हुई।

सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार गोरखपुर महोत्सव में कुल 30 उप समितियां बनाई गई है। जिसमें सभी अतिथियों को आमंत्रित किए जाने के लिए आमंत्रण समिति भी गठित की गई है। जिसका नोडल जिले के मुख्य विकास अधिकारी अनुज कुमार सिंह को नामित किया गया है। उस समिति में जिला विकास अधिकारी, पर्यटन विभाग के अधिकारी शामिल है।

आमंत्रित समिति ने गुरुवार को गोरखपुर महोत्सव का निमंत्रण सभी सरकारी विभागों को भेजा। इसी क्रम में जिला सूचना अधिकारी के कार्यालय में भी निमंत्रण कार्ड भेजे गए। जिसमें जिला सूचना अधिकारी प्रशांत कुमार श्रीवास्तव के नाम का निमंत्रण कार्ड नहीं रहा बल्कि जो निमंत्रण कार्ड भेजा गया था उसमें पूर्व जिला सूचना अधिकारी प्रभाकर तिवारी का नाम उल्लिखित रहा।

निमंत्रण पत्र देख सूचना विभाग के भवन में नीचे स्थित प्रेस क्लब में मीडिया कर्मियों को पता चलने के बाद इस घटना की काफी छीछालेदर हुई। सूचना विभाग ने उक्त कार्ड को वापस भेजवा कर सुधार किए जाने के लिए कहा। जिसके बाद आमंत्रण समिति ने अपनी भूल स्वीकार करते हुए प्रभाकर तिवारी का नाम हटाकर प्रशांत श्रीवास्तव का नाम उल्लिखित किया।

गौरतलब है कि जनपद में जिला सूचना अधिकारी के पद पर प्रशांत श्रीवास्तव तैनात है जो इससे पूर्व सहायक जिला सूचना अधिकारी के पद पर भी इससे पूर्व लगातार लगभग तीन वर्षों से तैनात रहे। प्रदेशभर में सूचना विभाग के कार्यों में सबसे आगे रहने वाले प्रशान्त श्रीवास्तव का नाम वैसे तो प्रदेश के सभी जिला सूचना अधिकारी व सूचना विभाग के कर्मचारी के अलावा जिलाधिकारी सीडीओ भी जानते है।

लेकिन जो बीते 4 वर्षों से गोरखपुर में ही तैनात है और जिला प्रशासन व मंडल के सभी कार्यक्रमों में सदा उपस्थित रहते हैं। उनका ही नाम आमंत्रण समिति को नहीं पता रहा यह काफी हास्यप्रद साबित हुआ। इस संदर्भ में आमंत्रित आमंत्रित समिति व पर्यटन विभाग के अधिकारियों से पूछे जाने पर उन्होंने बताया कि विगत वर्ष के आमंत्रण सूची से निमंत्रण कार्ड तैयार करके भेज दिया गया। जो लिपकीय त्रुटि रही जिसका सुधार कर लिया गया है।

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